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मलेरिया
मलेरिया पà¥à¤²à¤¾à¤œà¥à¤®à¥‹à¤¡à¤¿à¤¯à¤® परजीवी के कारण होने वाली à¤à¤• सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ है जो संकà¥à¤°à¤®à¤¿à¤¤ मादा à¤à¤¨à¥‹à¤«à¤¿à¤²à¥€à¤œ मचà¥à¤›à¤°à¥‹à¤‚ से मचà¥à¤›à¤°à¥‹à¤‚ के काटने से मनà¥à¤·à¥à¤¯à¥‹à¤‚ में फैलती है। मलेरिया पाà¤à¤š परजीवी पà¥à¤°à¤œà¤¾à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के कारण होता है, जिनमें से दो पी. फालà¥à¤¸à¥€à¤ªà¥‡à¤°à¤® और पी. विवैकà¥à¤¸ - मनà¥à¤·à¥à¤¯ के लिठसबसे खतरनाक हैं। मलेरिया परजीवी पà¥à¤²à¤¾à¤œà¥à¤®à¥‹à¤¡à¤¿à¤¯à¤® फालà¥à¤¸à¥€à¤ªà¥‡à¤°à¤® अफà¥à¤°à¥€à¤•ी महादà¥à¤µà¥€à¤ª में सबसे घातक और सबसे आम है। à¤à¤• रिपोरà¥à¤Ÿ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, à¤à¤¾à¤°à¤¤ दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ à¤à¤° में मलेरिया के बोठका 3% हिसà¥à¤¸à¤¾ है, जिसके परिणामसà¥à¤µà¤°à¥‚प पà¥à¤°à¤¤à¤¿ वरà¥à¤· 2 मिलियन पà¥à¤·à¥à¤Ÿ मामले सामने आते हैं। मलेरिया के अनà¥à¤¬à¤‚ध के जोखिम को कम करने के लिठयातà¥à¤°à¤¾ से पहले, दौरान और बाद में दवाà¤à¤‚ लेने की आवशà¥à¤¯à¤•ता हो सकती है।
मलेरिया के लकà¥à¤·à¤£
मलेरिया के लकà¥à¤·à¤£ आमतौर पर संकà¥à¤°à¤®à¤£ के 10 से 4 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ बाद दिखाई देते हैं। कà¥à¤› परिसà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में कई महीनों तक लकà¥à¤·à¤£ पà¥à¤°à¤•ट नहीं हो सकते हैं। मलेरिया निमà¥à¤¨à¤²à¤¿à¤–ित लकà¥à¤·à¤£ पैदा कर सकता है:
ठंड लगने की गंà¤à¥€à¤°à¤¤à¤¾ हलà¥à¤•े से लेकर गंà¤à¥€à¤° तक हो सकती है
सिरदरà¥à¤¦
मतली
उचà¥à¤š बà¥à¤–ार
उलà¥à¤Ÿà¥€
पेट में दरà¥à¤¦
रकà¥à¤¤à¤¾à¤²à¥à¤ªà¤¤à¤¾
विपà¥à¤² पसीना
मांसपेशियों में दरà¥à¤¦
आकà¥à¤·à¥‡à¤ª
कोमा
दसà¥à¤¤
मल में खून
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